साक्ष्य सेतु
यदि इस्राएल के नबियों ने तोराह को कभी प्रतिस्थापित नहीं किया, तो कोई प्रेरित उसके ऊपर किस नियम से खड़ा हो सकता है?
पाठक बाद के प्रकाशन की संभावना और उसकी वैधता को अलग कर सकेगा: कोई प्रेरित वाचा की पहले से स्थापित परीक्षा को केवल अपने अधिकार से उलट नहीं सकता।
इस लेख से क्या स्थापित हुआ
तोराह नबियों, न्यायाधीशों और बाद के इतिहास की संभावना को पहले से मानती है, पर उनके लिए सीमाएँ भी तय करती है। कोई प्रेरित स्वयं को तोराह की वाचा-संबंधी परीक्षा से ऊपर रखकर उसे उलट नहीं सकता।
- बाद का प्रकाशन संभव है, पर वह स्वयं को सत्यापित नहीं करता और न पहले से स्थापित वाचा की कसौटियों को निरस्त करता है।
जो प्रश्न अभी बाकी है
सीनै के सार्वजनिक प्रकाशन, नबी की परीक्षाओं और वाचा की निरंतरता के सामने ईसाई सिद्धांतों, पद्धतियों और इतिहास के व्यापक अधिकार-दावे कितने टिकते हैं?
यह पुस्तक अगला कदम क्यों है
लेख का अगला उचित दायरा इस पुस्तक के विषय से सीधे मेल खाता है: ईसाई सिद्धांतों, पद्धतियों और ऐतिहासिक दावों की तोराह की श्रेणियों के अंतर्गत कानूनी जाँच। इसलिए Court Case Christianity: A Torah-Law Indictment of Doctrine, Method, and History उसी जाँच की अगली कड़ी है, कोई असंबंधित बिक्री नहीं।
इस प्रश्न के व्यापक प्रमाण-क्षेत्र को स्पष्ट करने के बाद अगला कदम Court Case Christianity: A Torah-Law Indictment of Doctrine, Method, and History है। यह पुस्तक ईसाई सिद्धांतों, पद्धतियों और ऐतिहासिक दावों की तोराह की श्रेणियों के अंतर्गत कानूनी जाँच के लिए बनाई गई है।
